“दैनिक खबरां” की खबर का असर: बीकानेर में आरटीओ आया हरकत में, स्लीपर बसों पर ताबड़तोड़ कार्रवाई, कई बसें सीज, देखें वीडियो
दैनिक खबरां, बीकानेर (नारायण उपाध्याय)। मंगलवार को जैसलमेर बस हादसे में 20 लोगों की दर्दनाक मौत के बाद दैनिक खबरां ने बुधवार को बीकानेर में बिना सुरक्षा मानकों वाली बसों पर सवाल उठाते हुए खबर प्रकाशित की थी। “बीकानेर में सड़कों पर दौड़ रही मौत की एसी बसें! कब तक लापरवाह रहेगा प्रशासन और आरटीओ?” इस खबर का असर कुछ ही घंटे में साफ नजर आया। बीकानेर आरटीओ विभाग हरकत में आ गया और पूरे जिले में स्लीपर बसों पर ताबड़तोड़ कार्रवाई शुरू कर दी गई। बुधवार को पूरे बीकानेर रीजन में दिनभर आरटीओ की फ्लाइंग टीमों ने स्लीपर और वीडियो कोच बसों की जांच पड़ताल की। आरटीओ अनिल पंड्या के नेतृत्व में बीकानेर, श्रीडूंगरगढ़, नोखा और लूणकरनसर इलाकों में एक साथ टीमें उतारी गईं। बसों की फिटनेस, वायरिंग, अग्निशमन यंत्र, इमरजेंसी गेट और रोड सेफ्टी नियमों की सख्त जांच की गई।
जांच के दौरान कई बसें नियमों के विपरीत पाई गईं। करीब चार से पांच बसों को मौके पर ही सीज किया गया, जिनमें शर्मा ट्रैवल्स की एक बस भी शामिल है। इस बस में आपातकालीन गेट की जगह स्लीपर बनाया गया था और कई गंभीर खामियां मिलीं। आरटीओ पंड्या ने दैनिक खबरां को बताया कि फ्लाइंग टीमों को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि जिस भी बस में अग्निशमन यंत्र नहीं हैं, इमरजेंसी गेट बंद है या रोड सेफ्टी नियमों की अवहेलना पाई जाती है, उसे तुरंत सीज किया जाए और चालान बनाया जाए।
उन्होंने बताया कि आज बीकानेर में चलाए गए इस विशेष अभियान की जानकारी कमीशनर के साथ हुई वीडियो कॉन्फ्रेंस (वीसी) में भी दी गई है। अगले 24 घंटे तक स्लीपर बसों की विशेष निगरानी और जांच अभियान जारी रहेगा, ताकि किसी भी स्तर पर लापरवाही न रहे। आरटीओ अनिल पंड्या ने कहा “यह अभियान अब लगातार चलेगा। किसी भी बस ऑपरेटर को सुरक्षा नियमों की अनदेखी नहीं करने दी जाएगी। दैनिक खबरां की खबर ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि पत्रकारिता अगर सच और जनता की सुरक्षा के लिए की जाए, तो उसका असर सीधा धरातल पर दिखता है।

