जानलेवा हमले के नौ आरोपी दोषी, अदालत ने सुनाई आजीवन कारावास की सजा
दैनिक खबरां,बीकानेर। अपर सत्र न्यायाधीश नोखा मुकेश कुमार ने जानलेवा हमले के नौ वर्ष पुराने प्रकरण में नौ आरोपियों को दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने सभी आरोपियों पर विभिन्न धाराओं के तहत कारावास एवं अर्थदंड भी लगाया। मामला 12 फरवरी 2016 का है, जब परिवादी गोपीराम अपने साथियों राकेश और जयसुखराम के साथ डॉक्टर को दिखाने जा रहा था। सुजानगढ़ रोड स्थित चुंगी नाका के पास आरोपियों ने रास्ता रोककर कुल्हाड़ी, जेई और लाठियों से ताबड़तोड़ हमला कर दिया था। हमले में जयसुखराम के दोनों पैर टूट गए थे, जबकि राकेश भी गंभीर रूप से घायल हुआ। आरोपियों ने राकेश की जेब से 1800 रुपये और मोबाइल फोन छीनने के साथ जूते-चप्पल भी ले लिए थे। घटना का कारण पूर्व रंजिश बताई गई।
अदालत ने आरोपियों बृजलाल पुत्र बीरबलराम, देवीलाल पुत्र बृजलाल, सुंदरलाल पुत्र गोपीराम, शिवलाल पुत्र बीरबलराम, सुखदेव उर्फ़ सुखाराम पुत्र बृजलाल, रामकुमार पुत्र बीरबलराम, मांगीलाल पुत्र गोपीराम, प्रदीप पुत्र बृजलाल और रामस्वरूप पुत्र बीरबलराम, निवासी माडिया, सुजानगढ़ रोड, नोखा को धारा 147, 148, 307/149, 325/149, 323/149 और 341 में दोषसिद्ध किया। अदालत ने धारा 307/149 में आजीवन कारावास एवं 50 हजार रुपये अर्थदंड, धारा 325/149 में सात वर्ष कारावास एवं 10 हजार रुपये अर्थदंड, धारा 147 में दो वर्ष, 148 में तीन वर्ष, 323/149 में एक वर्ष तथा धारा 341 में एक महीने के साधारण कारावास की सजा सुनाई। अर्थदंड नहीं देने पर प्रत्येक आरोपी को एक माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। आरोपियों की पूर्व न्यायिक अभिरक्षा अवधि को मूल सजा में समायोजित किया गया है तथा सभी सजाएं साथ-साथ चलेंगी। अदालत ने अर्थदंड में से तीन लाख रुपये पीड़ित जयसुखराम और पचास हजार रुपये राकेश को प्रतिकर स्वरूप देने का आदेश दिया। राजकीय पक्ष की पैरवी अपर लोक अभियोजक राजाराम बिश्नोई ने की।

