बीकानेर, दैनिक खबरां । इंदिरा गांधी नहर की कंवरसेन लिफ्ट में डूबे दो चचेरे भाइयों में एक भाई का शव सोमवार शाम मिल गया,लेकिन दूसरे का अब तक नहीं चल पाया है। एसडीआरएफ की टीम ने सुबह से शाम तक सर्च अभियान चलाया लेकिन शाम होते-होते एक भाई का ही शव मिल पाया। दूसरे भाई की तलाश अब तक जारी है। ये दोनों भाई रविवार दोपहर नहर में गिर गए थे। बामनवाली निवासी मूलाराम का बेटे मुकेश (12) और बजरंग के बेटे पृथ्वी (14) की नहर में तलाश हो रही है। इसमें अब तक मुकेश का शव मिला है।
सोमवार सुबह नहर पर परिजन और ग्रामीण एकत्र हो गए। लूणकरनसर पुलिस ने एसडीआरएफ के सहयोग से फिर पड़ताल शुरू की है। नाव पर एसडीआरएफ की टीम नहर का चप्पा-चप्पा खंगाल रही है। आमतौर पर बारह से चौबीस घंटे के बीच डूबने वाले ऊपर आ जाते हैं और कई बार नहर के गेट्स पर अटक जाते हैं। फिलहाल अभी ऐसा कुछ नहीं हुआ है, दोनों बच्चों की तलाश जारी है। सोमवार शाम साढ़े पांच बजे तक दोनों भाईयों का पता नहीं चल पाया। एसडीआरएफ की टीम सर्दी के बावजूद ठंडे पानी में लगातार इनकी तलाश कर रही है। अब तक करीब दस किलोमीटर का हिस्सा छाना जा चुका है।
पैर फिसलने से नहर में गिरे
नहर में रविवार दोपहर एक भाई का पैर फिसल गया तो दूसरा उसे बचाने के लिए कूद गया, लेकिन वो भी डूब गया। पैर फिसलने से एक भाई नहर में चला गया और डूबने लगा। दूसरा उसे बचाने के लिए कूद गया। दोनों डूबने लगे तो तीसरे भाई ने घर पर पहुंचकर सूचना दी। परिजन मौके पर पहुंचे तो दोनों भाइयों का कहीं पता नहीं चल सका।
घूमने गए थे बच्चे
रविवार का अवकाश होने के कारण तीनों भाई नहर के आसपास घूम रहे थे।। इस दौरान दोनों नहर के पास क्यों गए? इसका पता लगाया जा रहा है। आसपास कोई सीसीटीवी कैमरा भी नहीं है। बामनवाली निवासी मूलाराम का मुकेश (12) और बजरंग का बेटा पृथ्वी (14) सहित तीन चचेरे भाई नहर के पास गए थे। इसी दौरान एक भाई का पैर फिसलने से वो अंदर गिर गया, तभी दूसरा भाई उसे बचाने के लिए कूद गया। दोनों डूब गए। तीसरा भाई दौड़कर घर गया। वहां परिजनों को दोनों के डूबने की सूचना दी तो सभी भागकर मौके पर पहुंचे। करीब डेढ़ किलोमीटर तक आने तक दोनों बच्चे नहर में आगे निकल गए।
घटना बामनवाली गांव के पास चक 381 और आरडी सात सौ पर हुई है। घटना की जानकारी मिलने पर टाइगर्स फोर्स के महिपाल सिंह भी मौके पर पहुंच गए। घटना के बाद से एसडीआरएफ की टीम बच्चों की तलाश कर रही है लेकिन सुराग नहीं मिला। बच्चों के डूबने की आशंका में दूर तक तलाश की जा रही है।

