बीकानेर आज ठप रहेगा! महापड़ाव को लेकर शहर अलर्ट मोड पर, 600 से अधिक पुलिस तैनात, बाजार बंद का ऐलान, ये रूट रहेंगे प्रभावित..
Bikaner News दैनिक खबरां,बीकानेर। प्रस्तावित बीकानेर बंद और महापड़ाव को लेकर शहर का माहौल पूरी तरह गरमाया हुआ है। एक ओर पर्यावरण व वन संरक्षण से जुड़े संगठनों ने आंदोलन को धार देने के लिए पूरी ताकत झोंक दी है, तो दूसरी ओर प्रशासन ने भी कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए शहर को अलर्ट मोड पर डाल दिया है। बाजारों में बंद को लेकर की जा रही अपीलों का असर साफ नजर आने लगा है, वहीं प्रदेश के अन्य जिलों से भी बड़ी संख्या में लोगों के बीकानेर पहुंचने की संभावना जताई जा रही है।
किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन ने शहरभर में 600 से अधिक पुलिसकर्मियों की तैनाती की है। संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त जाप्ता लगाया गया है और संभावित टकराव को टालने के लिए प्रमुख मार्गों पर यातायात डायवर्जन लागू किया गया है। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी लगातार हालात पर नजर बनाए हुए हैं।
महापड़ाव को लेकर व्यापारिक और सामाजिक संगठनों ने खुलकर समर्थन का ऐलान किया है। निजी विद्यालय संगठन पैपा, क्षत्रिय सभा, बीकानेर व्यापार उद्योग मंडल, सट्टा बाजार एसोसिएशन, गणपति प्लाजा मार्केट एसोसिएशन, खंजाची मार्केट एसोसिएशन, केईएम रोड व्यापार मंडल, भैरूजी गली व्यापार संगठन और जैन मार्केट के व्यापारियों ने 2 फरवरी को अपने प्रतिष्ठान बंद रखने की घोषणा कर दी है।
पूर्व पार्षद मनोज विश्नोई ने कहा कि प्रदेशभर से आने वाले वनप्रेमियों की संभावित भारी भीड़ को देखते हुए बीकानेर बंद जरूरी है। उन्होंने चेताया कि शहर के मुख्य मार्गों और नेशनल हाईवे पर जाम की स्थिति बन सकती है। ऐसे में यदि व्यापारी स्वेच्छा से अपने प्रतिष्ठान बंद रखते हैं तो न केवल आंदोलन को मजबूती मिलेगी, बल्कि व्यापारियों को भी अनावश्यक परेशानी से बचाया जा सकेगा।
महापड़ाव के संयोजक परसाराम ने दो टूक कहा कि समाज की सहमति के बिना विधानसभा या सरकार द्वारा लिया गया कोई भी निर्णय स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि समाज के प्रतिनिधिमंडल से चर्चा कर लिया गया फैसला ही मान्य होगा। बंद की अपील का असर अब जमीन पर दिखाई देने लगा है।
शहर वासियों के लिए रूट रहेंगे डायवर्ट
यातायात प्रभारी नरेश निर्वाण के अनुसार महापड़ाव के तहत पर्यावरण प्रेमी पॉलिटेक्निक कॉलेज से बिश्नोई धर्मशाला तक जुलूस के रूप में पहुंचेंगे। इस दौरान पॉलिटेक्निक कॉलेज, मेडिकल चौराहा, आंबेडकर सर्किल और तुलसी सर्किल के आसपास यातायात प्रभावित रहेगा। आमजन से वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करने की अपील की गई है।
आंदोलन में आने वाले वाहनों के लिए पार्किंग और रूट व्यवस्था
आंदोलन में आने वाले वाहनों के लिए अलग-अलग रूट और पार्किंग व्यवस्था तय की गई है। श्रीडूंगरगढ़ रोड व जयपुर रोड से आने वाले वाहन जयपुर बाइपास और नापासर चौराहा होते हुए शिवबाड़ी से पॉलिटेक्निक कॉलेज पहुंचेंगे, जिनकी पार्किंग आईटीआई कॉलेज में होगी। श्रीगंगानगर रोड से आने वाले वाहन बीछवाल बाइपास होकर जयपुर बाइपास चौराहा पहुंचेंगे, जबकि हनुमानगढ़, हरियाणा और पंजाब से आने वाले वाहन एक्सप्रेस-वे से नोरंगदेसर, नापासर चौराहा होते हुए शिवबाड़ी के रास्ते सभा स्थल तक पहुंचेंगे। इन सभी वाहनों की पार्किंग आईटीआई कॉलेज में तय की गई है।
जैसलमेर, बज्जू और कोलायत क्षेत्र से आने वाले वाहनों की पार्किंग पॉलिटेक्निक कॉलेज में रहेगी, जिनका रूट गांधी प्याऊ से शोभासर चौराहा होते हुए जयपुर बाइपास का रहेगा। खाजूवाला और छत्तरगढ़ की ओर से आने वाले वाहनों के लिए भी पॉलिटेक्निक कॉलेज में ही पार्किंग तय की गई है, इनका रूट श्रीगंगानगर-जयपुर बाइपास से शिवबाड़ी चौराहे का रहेगा। वहीं नोखा, नागौर और जोधपुर क्षेत्र से आने वाले वाहनों की पार्किंग डूंगर कॉलेज में की गई है, जिनके लिए पांच नंबर रोड निर्धारित की गई है।

