सास ने बहू के प्रेमी की हत्या करवाई,बहू बेटे को छोड़ गई तो छोटे बेटे व मुंहबोले भाई के साथ मिलकर मार डाला
जयपुर, @dainikkhabraan। जयपुर में सास ने बेटे और मुंहबोले भाइयों के साथ मिलकर बहू के प्रेमी की हत्या कर दी। पुलिस ने गुरुवार को वारदात का खुलासा करते हुए चार आरोपियों अनिल उर्फ पप्पू हरिजन (40) निवासी हरिजन बस्ती, धूलकोट, दीपक कुमार हरिजन (32), कानाराम (23) और मास्टरमाइंड राज उर्फ गोलू हरिजन (18) को गिरफ्तार किया है।
आरोपी सास रेशमा अब भी फरार है। डीसीपी (पूर्व) प्रहलाद कृष्णियां ने बताया कि विक्की (25) इलेक्ट्रिशियन का काम करता था। वह धूलकोट निवासी रेशमा के यहां किराए के मकान में रहता था।
इसी दौरान विक्की के रेशमा के बड़े बेटे की पत्नी से संबंध बन गए। रेशमा ने एक-दो बार उन्हें आपत्तिजनक स्थिति में भी देखा था। इसके बाद विक्की वहां से कमरा खाली कर चला गया था।
लेकिन कॉलोनी में रेशमा की बहू और विक्की के अवैध संबंधों की बात सामने आई गई। बदनामी से नाराज रेशमा ने छोटे बेटे गोलू उर्फ राज के साथ मिलकर विक्की की हत्या का प्लान बनाया। गाेलू उर्फ राज ने अपने साथ दोस्त दीपक, मुंह बोले मामा कानाराम और अनिल को वारदात करने के लिए शामिल कर लिया।
30 नवंबर को बस्सी में राजाधोक टोल प्लाजा के पास सूनसान जगह मिली थी विक्की की लाश।
28 को बहू के गायब होने पर विक्की के साथ भागने का हुआ शक
एसीपी सुरेश सांखला ने बताया कि रेशमा की बहू 28 नवंबर को घर से बिना बताए चली गई थी। रेशमा उस दिन टोंक थी और उसे लगा कि यह सब विक्की की वजह से हाे रहा है। जबकि वह अपने पति से झगड़ा होने के बाद महिला थाने में शिकायत करने गई थी। रेशमा 29 नवंबर को जयपुर पहुंची और बेटे व तीन अन्य आरोपियों के साथ मिलकर विक्की को अपने साथ गाड़ी में बैठा लिया। रास्ते में रेशमा और अन्य आरोपियों ने मिलकर शराब पी और मृतक को भी शराब पिलाई और बहू के बारे में पूछा। लेकिन उसने इंकार कर दिया। तब सभी आरोपी टोंक से जयपुर आए और बस्सी पहुंचे। यहां राजाधोक टोल प्लाजा के पास सूनसान जगह पर सिर फोड़कर विक्की को मार डाला और वारदात कर फरार हो गए। 30 नवंबर को जयपुर के बस्सी इलाके में युवक का शव मिला था। वारदात में शामिल मास्टरमाइंड महिला के छोटे बेटे, दो मुंह बोले भाई और एक अन्य युवक को बस्सी थाना पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। इसके साथ ही कार को भी बरामद किया है।
हत्या की खबर मिलने पर आसपास के लोगों की भीड़ इकट्ठा हो गई थी
पिता ने दर्ज करवाई थी गुमशुदगी
29 नवंबर को विक्की का पता नहीं चलने पर पिता ने नाहरगढ़ थाने में गुमशुदगी रिपोर्ट दर्ज करवाई। 30 नवंबर को विक्की की लाश मिलने पर जांच शुरू हो गई। पुलिस ने टोल के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। टोल पर एक गाड़ी नजर आई और जब पड़ताल शुरू की तो पुरानी बस्ती का जानकारी सामने आई। संदेह होने पर पूछताछ की तो वारदात का खुलासा हुआ और अवैध संबंध की जानकारी सामने आई। इस केस को सुलझाने में बस्सी थानाप्रभारी भूपेंद्र सिंह की टीम ने अहम रोल निभाया

