कॉन्स्टेबल ने सादी वर्दी में गश्त पर निकले डीसीपी क्राइम से मांगी रिश्वत, पता चलने पर उड़ गए होश..

जयपुर

कॉन्स्टेबल ने सादी वर्दी में गश्त पर निकले डीसीपी क्राइम से मांगी रिश्वत,पता चलने पर उड़ गए होश..

जयपुर में पुलिस का भ्रष्ट चेहरा सामने आया है। सादी वर्दी में गश्त पर निकले डीसीपी क्राइम से ही एक पुलिस कांस्टेबल ने सीट बेल्ट न लगाने पर 500 रुपये की घूस मांग ली। इसके बाद डीसीपी की शिकायत पर कांस्टेबल को निलंबित करते हुए उसके तीन साथियों को लाइन हाजिर कर दिया गया है। 

दरअसल, एडिशनल कमिश्नर कैलाश विश्वोई ने जयपुर सिटी में लगने वाली रात्रि नाकेबंदी का डिकॉय ऑपरेशन करने का प्लान बनाया। इसके तहत डीसीपी नॉर्थ परिस देशमुख ने बीती रात कई जगहों पर सिविल ड्रेस पहनकर प्राइवेट गाड़ी से नियम तोड़े। ट्रांसपोर्ट नगर इलाके में रोटरी सर्किल पर डीसीपी नॉर्थ को रात डेढ़ बजे रोका गया। इस दौरान सादी वर्दी में डीसीपी के साथ उनका गनमैन और ड्राइवर भी था। कॉन्स्टेबल ने उनकी गाड़ी को रोका। ओवरस्पीडिंग और सीट बेल्ट नहीं लगाने के नाम पर ढाई हजार रुपये का चालान काटने की धमकी देने लगा। 

कुछ देर बहस करने के बाद कॉन्स्टेबल राजेंद्र प्रसाद ने अपने अन्य तीन कांस्टेबल साथियों राजेंद्र सिंह, अशोक और राजीव के साथ मिलकर चालान नहीं काटने की एवज में 500 की अवैध वसूली कर ली। डीसीपी नॉर्थ परिस देशमुख ने घटना के बाद एडिशनल पुलिस कमिश्नर कैलाश विश्नोई को घटना की जानकारी दी। जानकारी मिलने पर अवैध वसूली करने वाले कांस्टेबल राजेंद्र प्रसाद को निलंबित करते हुए तीन अन्य पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर कर दिया गया।

डिकॉय ऑपरेशन को अंजाम दिया गया
एडिशनल पुलिस कमिश्नर कैलाश विश्नोई के बताया कि नाकेबंदी के दौरान अपराधियों पर नजर रखने और तेज स्पीड में गाड़ी चलाने वाले और शराब पीकर गाड़ी चलाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाती है। लगातार मिल रही शिकायतों के बाद इस तरह के डिकॉय ऑपरेशन को अंजाम दिया गया है। निलंबित किए गए और लाइन हाजिर किए गए पुलिसकर्मियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जा रही है। एसीपी आदर्श नगर को इस सम्बंध में जांच करने के निर्देश दिए गए हैं।