गोचर, ओरण और चारागाह भूमि पर राज्य सरकार द्वारा पट्टे जारी करने के निर्णय को वापस लेने के विषय मे राज्यपाल के नाम तहसीलदार को सोपा ज्ञापन…..

नोखा बीकानेर

गोचर, ओरण और चारागाह भूमि पर राज्य सरकार द्वारा पट्टे जारी करने के निर्णय को वापस लेने के विषय मे राज्यपाल के नाम तहसीलदार को सोपा ज्ञापन।

बीकानेर, @दैनिक खबरां। नोखा जन अधिकार सेना प्रदेश कोषाध्यक्ष कानाराम शर्मा की अगुवाई में राज्यपाल के नाम ज्ञापन तहसीलदार को सौंपा जिसमे बताया गया कि राजस्थान सरकार द्वारा राज्य मंत्रिमंडल की कैबिनेट बैठक में गोचर, चारागाह और ओरण पर कब्जा कर बैठे लोगों को पट्टे देने का निर्णय लिया गया है जो की घोर निंदनीय है।

इस निर्णय से जहां आवारा पशुओं, भूमिहीन पशु-पालकों व वन्य जीवों के लिए अस्तित्व का संकट खड़ा हो जाएगा वहीं आने वाले समय मे गोचर, ओरण, चारागाह और श्मशान भूमि भूमाफियाओं के कब्जे में होंगे। यह भूमि पूरे राज्य में पूर्वजो ने वन्य जीवों और पशुओं के लिए छोड़ी गई थी, जबकि राज्य सरकार अवैध कब्जों को नियमित करने की आड़ में पूर्वजों की इस विरासत को भूमाफियाओं के हाथ मे सौंपना चाहती है।

जिसको राजस्थान की जनता कई बर्दाश्त नही करेगी सरकार द्वारा भूमाफियों से गोचर आदि छुड़वाने के विपरीत उन्हें कब्जा करने की खुली छूट देना चाहती है वर्तमान में भी कई भूमाफिया द्वारा गोचर भूमि पर कब्जा किया गया है।

इस ज्ञापन के माध्यम से आपको अवगत कराया जा रहा है आम जन की भावना को देखते हुए सरकार यह निर्णय तुरन्त वापिस लें, अन्यथा पूरे राज्य में जन भावनाओं के साथ खिलवाड़ करने के विरोध में संगठन राज्य की जनता को साथ लेकर जन आंदोलन करेगी जिसके लिए सरकार व प्रशासन जन आंदोलन का सामना करने को लेकर तैयार रहे।

ज्ञापन देने वालो में जिला महासचिव दिनेश मोहता, जिला उपाध्यक्ष संदीप चोरड़िया, जिला सचिव किशन तापड़िया, तहसील महासचिव अशोक पंचारिया, राजेंद्र प्रसाद ओझा, मांगी लाल, अनील आदि मौजूद रहे।