RTE दाखिला: 44 हजार बच्चों का दाखिला लंबित, शिक्षा विभाग नई प्रक्रिया में जुटा,अभिभावक संघ ने जताई नाराज़गी

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RTE दाखिला: 44 हजार बच्चों का दाखिला लंबित, शिक्षा विभाग नई प्रक्रिया में जुटा,अभिभावक संघ ने जताई नाराज़गी

दैनिक खबरां,जयपुर। मौजूदा सत्र 2024-25 में RTE के तहत चयनित 44,060 बच्चों का दाखिला सात माह से लंबित है, लेकिन शिक्षा विभाग ने इसके निस्तारण से पहले ही नए सत्र 2025-26 की तैयारी शुरू कर दी है। संयुक्त अभिभावक संघ ने इसे अभिभावकों के साथ अन्याय बताते हुए विभाग की कार्यशैली पर सवाल खड़े किए हैं।

सोमवार को शिक्षा संकुल के एकलव्य सभागार में शासन सचिव कृष्ण कुणाल की अध्यक्षता में हुई बैठक में संघ अध्यक्ष अरविंद अग्रवाल और प्रवक्ता अभिषेक जैन बिट्टू ने स्पष्ट कहा कि पिछले सत्र की गड़बड़ियों व लंबित दाखिलों को पूरा किए बिना नया सत्र शुरू करना अव्यवहारिक है।

संघ ने बैठक में प्रमुख मांगें रखीं
• सभी 44,060 लंबित दाखिलों का तत्काल निस्तारण।
• स्कूलों की मनमानी रोकने के लिए स्पष्ट और बाध्यकारी SOP जारी हो।
• RTE पोर्टल व हेल्पडेस्क की तकनीकी खामियों पर कार्रवाई की जाए।
• वार्ड प्रूफ की अनिवार्यता समाप्त की जाए।
• RTE विद्यार्थियों के लिए परिवहन सुविधा पर स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी हों।
• सरकार द्वारा निशुल्क पुस्तकों के बावजूद मनमाना शुल्क वसूलने वाले स्कूलों पर कार्रवाई हो।
• NCERT पुस्तकों की आपूर्ति 1 अप्रैल से हर हाल में उपलब्ध करवाई जाए।
• सभी कक्षाओं में NCERT पुस्तकें अनिवार्य की जाएं।

अध्यक्ष अरविंद अग्रवाल ने कहा कि विभाग की जल्दबाजी चौंकाने वाली है। “हजारों परिवार आज भी यह जानने को परेशान हैं कि उनके बच्चों का दाखिला कब होगा। लंबित दाखिलों और अव्यवस्थाओं को दूर किए बिना नई प्रक्रिया शुरू करना RTE की भावना के खिलाफ है।” संघ ने चेतावनी दी कि RTE प्रक्रिया को पारदर्शी और समयबद्ध बनाने के लिए आंदोलन आगे और तेज किया जाएगा।