चूरू/बीकानेर, @dainikkhabraan। राजस्थान की 22 वर्षीय क्रिकेटर प्रिया पूनिया अब टी-20 चैम्पियनशिप में भी हिंदुस्तान के लिए चौके-छक्के लगाती नज़र आएंगी। प्रिया को भारतीय महिला टी–20 क्रिकेट टीम में शामिल किया गया है। वे फरवरी में न्यूजीलैंड के खिलाफ तीन टी-20 मैच खेलेंगी। ओपनिंग बल्लेबाज़ी करने वाली प्रिया मूल रूप से चूरू की रहने वाली हैं। राजस्थान के चूरू जिले के राजगढ़ में जन्मी प्रिया पूनिया यूएई में टी-20 चैलेंज में खेलते नजर आएंगी। यूएई में 4 नवंबर से 9 तक होने वाली वीमेंस टी-20 चैलेंज में हिस्सा लेंगी। टी-20 में प्रिया का चयन होने पर चूरू जिले में खुशी की लहर दौड़ गई। भारतीय क्रिकेट नियंत्रण बोर्ड ने इस प्रतियोगिता के तीन टीमों की घोषणा की है। इंटरनेशनल क्रिकेटर प्रिया को सुपरनोवा टीम में शामिल किया गया है। सुपरनोवा टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर, ट्रेलब्लेजर्स टीम की कप्तान स्मृति मंधाना और वेलोसिटी टीम की कप्तान मिताली राज को बनाया गया है।
13 अक्टूबर को होंगी रवाना, मुम्बई होते हुए यूएई जाएंगी
भारतीय सर्वेक्षण विभाग में कार्यरत पिता सुरेंद्र पूनिया ने बताया कि प्रिया पूनिया 13 अक्टूबर को मुम्बई के लिए रवाना होगी। यहां 14 दिन तक कोरोना महामारी के कारण क्वारंनटीन रहकर फिर यूएई जाएंगी। प्रिया ने लॉकडाउन के दौरान जयपुर में रहकर ही तैयारी की है।
क्रिकेटर प्रिया पूनिया की जीवनी—
सुरेन्द्र पूनिया ने बताया कि 6 अगस्त 1996 को गांव जणाऊ खारी में बेटी प्रिया का जन्म हुआ। इसके बाद ट्रांसफर के चलते उनकी अजमेर, जयपुर व दिल्ली में पोस्टिंग रही। दिल्ली से ही प्रिया ने ग्रेजुएशन किया। दिल्ली स्टेट की महिला टीम की ओर से खेलते हुए प्रिया ने अधिकांश बार ऑपनिंग की है।
राइड हैंड की बेहतरीन बल्लेबाज—
भारतीय महिला क्रिकेट टीम की हिस्सा प्रिया पूनिया राइड हैंड की बेहतरीन बल्लेबाज हैं। साल 2018 के अक्टूबर नवंबर में सीनियर वुमन वनडे चैंपियनशिप बैंगलुरु के आठ मैचों में प्रिया ने दो शतकों की बदौलत कुल 407 रन बनाए थे। चैंपियनशिप में प्रिया को बेस्ट तीन प्लेयर में जगह मिली। इसी प्रदर्शन के चलते प्रिया का साल 2019 की शुरुआत में न्यूजीलैंड दौरे के लिए भारतीय महिला टीम में चयन हुआ था। इसके अलावा सीनियर नेशनल महिला टी-20 चैंपियनशिप में प्रिया ने दस मैच में 47.75 की औसत से 382 रन बनाए।
जब पीता ने बेच दिया 22 लाख का घर—
सुरेन्द्र पूनिया ने बताया कि प्रिया सात साल की उम्र से खेलों में दिलचस्पी लेने लगी थी। शुरुआत में इसे बैडमिंटन व लॉन टेनिस की कोचिंग करवाई, मगर वहां इसका मन नहीं लगा तो क्रिकेट एकेडमी ज्वाइन करवा दी। फिर सुरेंद्र का दिल्ली से जयपुर ट्रांसफर होने पर प्रिया भी उनके साथ जयपुर आ गई। यहां उसकी क्रिकेट की कोचिंग सही नहीं हो पाने के कारण पिता ने जयपुर स्थित अपना 22 लाख रुपए का मकान बेच दिया और जयपुर के चौमूं के पास एक खेत खरीद लिया। उसमें खेती करने की बजाय बेटी के लिए क्रिकेट का मैदान बना दिया, जिस पर वह प्रेक्टिस करने लगी।


