बच्चों को खतरे में डालने वाली बाल वाहिनियों पर न्यायाधीश का एक्शन, मौके पर तीन सीज
दैनिक खबरां, बीकानेर। राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण (उच्च न्यायालय) के निर्देश पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव एवं अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश मांडवी राजवी ने गुरुवार को शहर की बाल वाहिनियों का औचक निरीक्षण किया, जिसमें अधिकांश वाहनों में सुरक्षा मानकों की गंभीर अनदेखी सामने आई। न्यायाधीश ने बताया कि बाल वाहिनी के लिए पीला रंग, ‘बाल वाहिनी’ अंकन, चालक के पास पांच वर्ष का अनुभव, आपातकालीन निकास, प्राथमिक उपचार किट, अग्निशमन यंत्र, जीपीएस, नियमित स्वास्थ्य जांच और सड़क सुरक्षा प्रशिक्षण अनिवार्य हैं, लेकिन निरीक्षण में बच्चों की सुरक्षा के कोई पुख्ता इंतज़ाम नहीं पाए गए, कई वाहनों में क्षमता से अधिक बच्चों को असुरक्षित रूप से बैठाया गया, गेटों के लॉक टूटे मिले, ग्रिल व मेश गायब थे और ड्राइवरों के वैध लाइसेंस व पहचान दस्तावेज भी पूर्ण नहीं थे। सुरक्षा में लापरवाही पर मौके पर ही तीन वाहनों को सीज किया गया तथा अन्य कई वाहनों के चालान की कार्रवाई शुरू की गई, इस दौरान जिला परिवहन अधिकारी भारती नैथानी, यातायात पुलिस एएसआई रामकेश मीणा और क्षेत्रीय परिवहन पुलिस निरीक्षक सुरेन्द्र बेनीवाल सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।

