पिता की मौत के बाद 4 साल के मासूम ने विडियो जारी कर प्रधानमंत्री सहित गृहमंत्री व मुख्यमंत्री से की अपील, जल्द‌ दिलाए इंसाफ…..

असम देश पुलिस कार्रवाई

मासूम बालक ने किया विडियो जारी

असम, @dainikkhabraan। असम के कछार जिले से एक 4 साल के मासूम बच्चे की ट्विटर पर पोस्ट की गई वीडियो वायरल हो रही है। जिसमें वो मासूम हाथ में एक प्लेकार्ड पकड़े हुए है। जिस पर लिखा है ‘आई वांट जस्टिस।’

बच्चे ने देश के प्रधानमंत्री और गृहमंत्री समेत असम के मुख्यमंत्री से अपने पिता की हत्या के मामले में इंसाफ की गुहार लगाई है।

4 वर्षीय रिजवान साहिद लस्कर ने ट्विटर पर पोस्ट किए गए एक वीडियो में कहा “मेरा नाम रिजवान शाहिद लस्कर है। महोदय, जब मैं 3 महीने का था, तब 26 दिसंबर 2016 को 11 बदमाशों ने मेरे पिता की बेरहमी से हत्या कर दी थी। अब मैं माननीय प्रधानमंत्री, गृह मंत्री और आदरणीय मुख्यमंत्री से इस मामले को देखने और हमें न्याय देने का अनुरोध करता हूं।”

दरअसल, रिजवान के पिता सैदुल अलोम लस्कर की 26 दिसंबर, 2016 को असम के कछार जिले में सिलचर शहर के सोनाई रोड इलाके में कुछ बदमाशों ने बेरहमी से हत्या कर दी थी। उस वक्त रिजवान सिर्फ 3 महीने का था। अब रिजवान अभी सिलचर के होली क्रॉस स्कूल में केजी-1 कक्षा में पढ़ रहा है।

ट्विटर पर पोस्ट किए गए वीडियो में रिजवान ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और असम के मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत बिस्वा सरमा से अपने पिता के हत्यारों को पकड़ने का आग्रह किया है। रिजवान साहिद लस्कर ने 13 सितंबर को अपने ट्विटर अकाउंट पर ये वीडियो पोस्ट किया था।

जानकारी के मुताबिक 4 साल के रिजवान के पिता सैदुल अलोम लस्कर ठेकेदार और व्यवसायी थें। जब वह 26 दिसंबर, 2016 को अपने घर लौट रहे थे, तो कुछ रेत माफियाओं ने उनकी कथित तौर पर हत्या कर दी थीं। घटना के बाद, उनकी पत्नी जन्नतुल फिरदौस लस्कर ने कछार जिला पुलिस में 11 लोगों पर हत्या में शामिल होने का आरोप लगाते हुए प्राथमिकी दर्ज कराई थीं। उनकी तहरीर पर सिलचर पुलिस स्टेशन में आईपीसी की धारा 302, 326 और 147 के तहत मामला दर्ज किया गया था।

जन्नतुल फिरदौस लस्कर ने बताया “26 दिसंबर 2016 को मेरे पति एक निविदा कार्य के उद्देश्य से आईडब्ल्यूटी कार्यालय सोनाई बाड़ी घाट गए थे। मेरे पति को ऑफिस के पास 11 लोगों ने बेरहमी से मार डाला था। उन्होंने मेरे पति को मारने के लिए लोहे की छड़ों और अन्य हथियारों का इस्तेमाल किया था। पुलिस ने 9 लोगों को गिरफ्तार किया था, लेकिन दो आरोपियों की गिरफ्तारी अभी बाकी है। आरोपी व्यक्ति अभी भी हमारे घर के पास घूम रहे हैं। हम पूरी तरह असुरक्षित हैं। हम इंसाफ चाहते हैं।”

वहीं रिजवान के चाचा मोहिदुल हक लस्कर ने जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस ने आरोपियों में से 9 को गिरफ्तार किया था, लेकिन उन्हें अग्रिम जमानत मिल गई थी। मोहिदुल हक लस्कर ने कहा, “मैंने रिजवान को एक ट्विटर अकाउंट खोलने और इंसाफ मांगने के लिए वीडियो अपलोड करने में मदद की।”